12 साल के बेमिसाल सफर के बाद पीएम मोदी बने भारत के सबसे लंबे समय तक सेवा देने वाले ‘निर्वाचित’ प्रधानमंत्री
आज का दिन भारतीय लोकतंत्र के इतिहास में एक ऐसा मील का पत्थर है, जो आने वाली कई पीढ़ियों को प्रेरित करेगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज लगातार सत्ता में रहने का एक नया कीर्तिमान रच दिया है। आज 10 जून को प्रधानमंत्री के तौर पर उनके कार्यकाल के 12 गौरवशाली वर्ष पूरे हो गए हैं। इसी के साथ वे भारत के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू के ‘लगातार पद पर बने रहने’ के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ते हुए देश के सबसे लंबे समय तक सेवा देने वाले निर्वाचित प्रधानमंत्री बन गए हैं।
दिल्ली में आज एनडीए के मुख्यमंत्री और उप-मुख्यमंत्रियों की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हो रही है, जिसमें इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर पीएम मोदी के लिए एक भव्य अभिनंदन प्रस्ताव पास किया जाएगा। दूसरी तरफ, बीजेपी मुख्यालय से लेकर झंडेवाला मंदिर तक आज जश्न का माहौल है।
राजनीति के गलियारों में इस आंकड़े की गूंज हर तरफ है। पंडित जवाहरलाल नेहरू 1952 में पहले आम चुनाव के बाद प्रधानमंत्री बने थे, लेकिन आज नरेंद्र मोदी ने उस निरंतरता के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया है। अगर हम तकनीकी रूप से देखें, तो नेहरू का 1947 से 1952 तक का कार्यकाल अंतरिम सरकार के रूप में था। वहीं, प्रधानमंत्री मोदी ने 2014 में पद संभालने के बाद से बिना किसी ब्रेक के लगातार तीन बार जनमत हासिल कर इस मुकाम को छुआ है।
यह उपलब्धि इसलिए भी खास है क्योंकि मोदी के नेतृत्व में भारत ने न केवल आर्थिक प्रगति की, बल्कि वैश्विक पटल पर एक ‘सुपरपावर’ के रूप में अपनी धाक जमाई है। पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी का कुल कार्यकाल बेशक 14 साल के आसपास था, लेकिन वह लगातार नहीं था। इस मायने में मोदी का यह 12 साल का ‘निरंतर’ सफर भारतीय राजनीति में अभूतपूर्व है।
इस ऐतिहासिक दिन की शुरुआत दिल्ली में पूरी तरह से भक्तिमय माहौल में हुई। बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन, दिल्ली बीजेपी अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा, संगठन महासचिव पवन राणा और सांसद बांसुरी स्वराज की मौजूदगी में आज सुबह 9:15 बजे झंडेवाला मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना की गई। देश की प्रगति और पीएम मोदी के दीर्घायु होने की कामना के साथ यह जश्न शुरू हुआ।
इतना ही नहीं, बीजेपी मुख्यालय में ‘संकल्प से सिद्धि’ प्रदर्शनी का शुभारंभ करते हुए अध्यक्ष नितिन नवीन ने मोदी सरकार के 12 वर्षों के ‘विकास और आत्मनिर्भरता’ के सफर को याद किया। उन्होंने कहा— ’12 साल पहले पीएम मोदी ने सेवा, सुशासन और जनकल्याण को केंद्र में रखकर जो युग शुरू किया था, आज वह भारत को 21वीं सदी की बड़ी शक्ति बना रहा है।‘
आज की सबसे बड़ी राजनीतिक हलचल दिल्ली में है, जहां एनडीए के मुख्यमंत्री और उप-मुख्यमंत्रियों की बैठक हो रही है। इस बैठक में बीजेपी सहित एनडीए गठबंधन में शामिल सभी पार्टियों के दिग्गज नेता शामिल हुए हैं। बैठक का एजेंडा साफ है— प्रधानमंत्री मोदी के इस ऐतिहासिक रिकॉर्ड पर एक भव्य अभिनंदन प्रस्ताव पारित करना और आने वाले समय के लिए ‘विकसित भारत @2047’ के विजन को और गति देना।
बीजेपी का कहना है कि यह जश्न सिर्फ एक व्यक्ति का नहीं, बल्कि उन करोड़ों देशवासियों का है जिन्होंने पीएम मोदी की नीतियों में भरोसा जताया है। पिछले 12 वर्षों में हर वर्ग के कल्याण, इंफ्रास्ट्रक्चर का जाल और डिजिटल क्रांति ने भारत की तस्वीर बदल दी है, और आज का यह मंथन इसी सफर को ‘विकसित भारत’ के सपने की ओर ले जाने वाला एक महत्वपूर्ण कदम है।
बेशक, 12 साल का यह सफर चुनौतियों से भरा रहा है, लेकिन पीएम मोदी की संकल्प शक्ति ने इसे ‘अजेय’ बना दिया है। एनडीए की आज की यह बैठक इस बात का भी संकेत है कि आने वाले समय में भारत की विकास यात्रा और भी तेज़ होने वाली है। आप इस ऐतिहासिक उपलब्धि को किस रूप में देखते हैं? कमेंट बॉक्स में अपनी राय जरूर साझा करें।
