You are here
Home > NEWS > ABVP के राष्ट्रीय महामंत्री श्री आशीष चौहान ने पत्रकारों को संबोधित किया

ABVP के राष्ट्रीय महामंत्री श्री आशीष चौहान ने पत्रकारों को संबोधित किया

आज नई दिल्ली स्थित प्रेस क्लब ऑफ़ इंडिया में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद् (एबीवीपी) के राष्ट्रीय महामंत्री श्री आशीष चौहान ने पत्रकारों को संबोधित करते हुए कहा कि एबीवीपी शिक्षा की उपलब्धता, गुणवत्ता और सुलभता को लेकर लगातार संघर्षरत है और केंद्र सरकार से शिक्षा क्षेत्र में भी क्रांतिकारी परिवर्तन हेतु कदम उठाने की मांग करती है. उन्होंने हाल ही में झारखण्ड की राजधानी रांची में हुए एबीवीपी के ६३ वें राष्ट्रीय अधिवेशन के विषय में जानकारी रखी. यह अधिवेशन 30 नवंबर से 3 दिसंबर 2017 तक चला जिसमें वर्ष 2017-18 के लिए संगठन की कार्यकारिणी की घोषणा की गई। अधिवेशन में कुल प्रतिनिधि 1234 रहे जिनमें नेपाल देश से अतिथि प्रतिनिधि के तौर पर प्राज्ञिक विद्यार्थी परिषद्, नेपाल के 17 कार्यकर्ता भी सम्मिलित हुए।

63वें अधिवेशन में तीन प्रस्ताव तथा आगामी वर्ष हेतु कार्यक्रम एवं अभियानों की भी घोषणा की गई। जिनमें निम्न विषयक मुद्दों को रखा गया है:

1. एबीवीपी ने शिक्षा विषय पर पारित प्रस्ताव में उच्च शिक्षा क्षेत्र में राज्य विश्वविद्यालयों की माली हालत देखते हुए ‘सर्जिकल स्ट्राइक’ की मांग की है। साथ ही राष्ट्रीय शिक्षा नीति घोषित करने में हो रही देरी पर गहन चिंता प्रकट की है। राष्ट्रीय स्तर के संस्थान जिनमे आईआईटी, आईआईएम एवं एनआईटी आदि अन्य सम्मिलित हैं, उनमें प्राध्यापकों के रिक्त पड़े पदों को तुरंत भरने की मांग की है।

2. ‘जनजातीय समाज: विकास के प्रति प्रतिबद्ध’ विषय पर पारित प्रस्ताव में जनजाति समाज द्वारा देश की एकता, अखंडता एवं सांस्कृतिक मूल्यों को अक्षुण रखने एवं पर्यावरण की सुरक्षा बनाये रखने को सराहा गया है। साथ ही अपने समाज को ब्रिटिश द्वारा शोषणकारी वन अधिनियम एवं आज़ादी के बाद विकास के समान अवसर न मिलने के बावजूद देश की उन्नति में योगदान दिया है। अभाविप ने मांग की है कि केन्द्र एवं राज्य सरकारें जनजाति |

3. समाज को समान अवसर प्रदान करने हेतु मूलभूत आवश्यकताएं उपलब्ध कराये। साथ ही भगवान बिरसा मुंडा एवं महापुरुषों की जन्मस्थली को राष्ट्रीय तीर्थ घोषित किया जाये तथा उनकी जीवनी को पाठ्यक्रमों में जोड़ा जाये।

4. ‘सेना के शौर्य से सुरक्षित होता भारत’ विषय पर पारित प्रस्ताव में एबीवीपी ने सेना को देश की सीमाओं को सुरक्षित करने और साथ-साथ जम्मू एवं कश्मीर में मिशन ऑल आऊट की सफलता के लिए बधाई दी है। इसके साथ ही केंद्र सरकार द्वारा वैश्विक पटल पर सामरिक विषयों में कूटनीतिक विजय को सराहा है तथा देश के अंदर घुसे रोहिंग्या घुसपैठियों को देश से निकालने एवं माओवादी, आईएसआईएस से निबटने के लिए कड़ी कार्यवाही की मांग की है।

5. 29, 30 नवंबर एवं 3 दिसंबर को आयोजित राष्ट्रीय कार्यकारी परिषद बैठक में पारित “वैश्विक अर्थ जगत में भारत का बढ़ता प्रभुत्व” विषयक प्रस्ताव में एबीवीपी ने अंतर्राष्ट्रीय क्रेडिट रेटिंग एजेंसी मूडी द्वारा भारत की रेटिंग को बढ़ाये जाने को भारतीय अर्थ जगत में नोटबंदी और जीएसटी के अच्छे परिणामों की शुरुआत का द्योतक माना है. साथ ही मेक इन इंडिया, स्टैंड अप इंडिया – स्टार्टअप इंडिया, डिजिटल इंडिया आदि योजनाओं को सुदृढ़ करते हुए नए रोजगार सृजन करने की ओर सरकार द्वारा अधिक कदम उठाए जाने की मांग की।

अधिवेशन में निम्न आगामी कार्यक्रमों की घोषणा की गई:

1. राष्ट्रीय एकात्मता का भाव लेकर Students’ Experience in Inter-State Living- SEIL (सील)यात्रा 2018: 3 जनवरी से 23 जनवरी को आयोजित की जाएगी जिसमें 68 विद्यार्थी प्रतिनिधि दो समूहों में पूर्वोत्तर राज्यों से देश के विभिन्न भागों में प्रवास करेंगे।

2. वर्ष 2018 में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद पूरे देश भर में 50000 विद्यार्थियों के लेकर की गर्मियों की छुट्टियों में ‘सामाजिक अनुभूति’ अभियान कार्यक्रम आयोजित करेगी जिसमे शहरों एवं छोटे कस्बों से विद्यार्थियों को लेकर दूरदराज के गांव एवं शहरी बस्तियों में समाज के साथ मिलकर, समाज में विषमताओं एवं उनसे सीख की साक्षात अनुभूति का कार्यक्रम चलाएगी।

3. 24-25 फरवरी को भोपाल में शिक्षा विषय पर अखिल भारतीय कार्यशाला का आयोजन किया जाएगा।

4. दिल्ली में एग्री विजन नाम से अखिल भारतीय कृषि विद्यार्थी सम्मेलन का आयोजन आगामी जनवरी 2018 को किया जाएगा।

पत्रकार वार्ता में नव-निर्वाचित राष्ट्रीय महामंत्री आशीष चौहान के साथ राष्ट्रीय मीडिया संयोजक साकेत बहुगुणा, राष्ट्रीय मंत्री निधि त्रिपाठी और दिल्ली प्रदेश मंत्री भरत खटाना उपस्थित थे.

 

Leave a Reply

Top